इंदौर में नकली नोटों का रैकेट पकड़ाया: 6 आरोपी गिरफ्तार प्रिंटिंग मशीनें बरामद
इंदौर की लसूडिया पुलिस ने 20 जनवरी को नकली नोट के साथ आरोपी शुभम रजक को गिरफ्तार किया था। पूछताछ के दौरान शुभम रजक ने अपना नाम मोहित उर्फ महिपाल बताया। । इसके बाद पुलिस ने जांच के बाद मोहित समेत अन्य 4 आरोपियों को मंगलवार को गिरफ्तार किए !उनके पास से 200 और 500 रुपए के 2 लाख के नकली नोट बरामद हुए। साथ ही, नोट छापने के मशीनें भी जब्त किए गए हैं।
डीसीपी अभिनव विश्वकर्मा की टीम ने नकली नोट मामले में 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें मलकीत सिंह, निवासी क्वार्टर नंबर 80, चोक्स कॉलोनी, कामटी रोड, नागपुर, महाराष्ट्र; कुलविंदर सिंह विर्क के बेटे मनप्रीत सिंह , महिपाल उर्फ मोहित बेड़ा , निवासी डांडिया वास, जोधपुर ,अनुराग , निवासी होली टेकरा, ग्राम रेटी, जिला सीहोर; मोहसिन, निवासी दाऊदी नगर, खजराना; और शुभम उर्फ पुष्पांशु (पुत्र मदन रजक), उम्र 26 वर्ष, निवासी 1009, पुरानी मछली मंडी, थाना लार्डगंज, जिला जबलपुर शामिल हैं।आरोपियों के पास से तीन लेजर प्रिंटर, A4 साइज के 85 GSM कागज जिन पर 500 और 200 रुपए के नकली नोट छपे थे! दो लैमिनेशन मशीनें, RBI की सुरक्षा पट्टी चिपकाने वाली पन्नी और एक लैपटॉप बरामद किया गया है।
पुलिस ने जब महिपाल को गिरफ्तार किया, तो उसने खुलासा किया कि नागपुर के मनप्रीत और मलकीत से 20 लाख रुपए के नकली नोट खरीदे, जिन्हें आगे अनुराग और मोहसिन को दिया गया। जांच में पता चला कि मलकीत किराए के मकान में नकली नोट तैयार करता था।
पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे अब तक 20 से 22 लाख रुपए के नकली नोट तैयार कर बेच चुके हैं। फिलहाल, पुलिस आरोपियों से और जानकारी जुटा रही है।
harsha pardeshi 